Bhajan:- Aisi Laagi Lagan
Singer:- Anuradha Paudwal
Audio Type:- MP3

ऐसी लागी लगन मीरा हो गयी मगन

है आँख वो जो श्याम का दर्शन किया करे
है शीश जो प्रभु चरण में वंदन किया करे
बेकार वो मुख है जो रहे व्यर्थ बातों में
मुख है वोजो हरीनाम का सुमिरन किया करे
 
हीरेमोती से नहीं शोभा है हाथकी
है हाथ जो भगवान् का पूजन किया करे
मर के भी अमरनाम है उस जीवका जग में 
प्रभु प्रेम में बलिदान जो जीवन किया करे 

ऐसी लागी लगन मीरा हो गयी मगन
वो तो गली गली हरी गुण गाने लगी

महलों में पली बन के जोगन चली
मीरा रानी दीवानी कहाने लगी
ऐसी लागी लगन मीरा हो गयी मगन
वो तो गली गली गली  हरी गुण गाने लगी 

कोई रोके नहीं कोई टोके नही 
मीरा गोविन्द गोपाल गाने लगी
बैठी संतो के संग रंगी मोहन के रंग 
मीरा प्रेमी प्रीतम को मनाने लगी
वो तो गली गली हरी गुण गाने लगी
ऐसी लागी लगन, मीरा हो गयी मगन

राणा ने विष दिया मानो अमृत पिया
मीरा सागर में सरिता समाने लगी
दुःख लाखों सहे मुख से गोविन्द कहे
मीरा गोविन्द गोपाल गाने लगी
वो तो गली गली हरी गुण गाने लगी

ऐसी लागी लगन मीरा हो गयी मगन
वो तो गली गली हरी गुण गाने लगी !